Earthquake in Thailand and Myanmar : म्यांमार और थाईलैंड में भूकंप ने भारी तबाही मचा दी है और वहां पर अब मौत का आंकड़ा भी बढ़ता जा रहा है. अभी तक 144 लोगों की मौत हो गई है.
Earthquake in Thailand and Myanmar : म्यांमार और थाईलैंड (Myanmar and Thailand) में 28 मार्च, 2025 (शुक्रवार) भूकंप ने जमकर तबाही मचाई. म्यामार के सैन्य शासन ने बताया है कि उसके देश में करीब 134 लोगों की मौत हो गई है जबकि थाईलैंड की बात करें तो वहां पर एक बहुमंजिला इमारत ढहने के बाद 10 लोगों की मृत्यु हो गई. म्यांमार के दो सबसे बड़े शहर मांडले और राजधानी नेपीडॉ सोशल मीडिया के माध्यम से आ रही तस्वीरों में साफ देखा जा सकता है कि भूकंप ने कितनी तबाही मचा दी है और लोगों के घर जमींदोज हो गए हैं.
7.7 की तीव्रता ने म्यांमार को हिलाया
वहीं, थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में भी भूकंप काफी असर दिखा है और यहां पर बहुमंजिला इमारत ढहने से करीब 10 लोगों की मौत हो गई है. बताया जा रहा है कि भूकंप की तीव्रता करीब 7.7 रही थी और इसका मुख्य केंद्र म्यांमार के मांडले शहर के काफी निकट था. इसके बाद 6.6 की तीव्रता वाले भूकंप ने म्यांमार को हिलाकर रख दिया. इसी बीच संयुक्त राष्ट्र के महासचिव गुटरेस ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय संस्थाएं म्यांमार की मदद करने के लिए पूरी तरह से तैयार है. भूकंप में मरने वालों की संख्या और विनाश की तस्वीरें अभी तक पूरी तरह से स्पष्ट नहीं हो पाई है और म्यांमार के लिए भूकंप दोहरी मार की तरह टूट पड़ा है क्योंकि वो पहले से ही गृहयुद्ध की चपेट में है और लगातार गरीबी का भी सामना कर रहा है.
भारत ने भी किया राहत सामग्री का एलान
दूसरी तरफ अमेरिकी भूगर्भीय सर्वेक्षण ने माना है कि मृतकों की संख्या करीब 1000 के पार पहुंच चुकी है और भूकंप का सबसे बड़ा केंद्र म्यांमार का शहर मंडाले के पास था. वहीं, म्यांमार की सरकार का कहना है कि प्रभावित इलाकों में खून की कमी पैदा हो रही है और उसके लिए यूएन राहत के लिए करीब 5 मिलियन डॉलर की आर्थिक मदद रिलीज कर दी है. दोनों ही देशों में घायलों की संख्या लगातार बढ़ रही है और इसी बीच संयुक्त राष्ट्र के महासचिव ने हर संभव मदद करने का आह्वान किया है. इसी बीच म्यांमार में करीब 732 लोग घायल हो गए हैं. वहीं, सैंकड़ों लोग थाईलैंड में भी घायल बताए जा रहे हैं. साथ ही प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भी दोनों देशों को आर्थिक सहायता देने का एलान किया है और भारतीय वायुसेना का सी-17 ग्लोबमास्टर विमान राहत सामग्री और मेडीकल टीम के साथ तैयार है.
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