US-Houthi Rebel Conflict : ईरानी समर्थित हूती विद्रोहियों पर अमेरिकी आर्मी कहर बनकर टूटी है. रविवार की रात में यूएस ने यमन की राजधानी पर जमकर हवाई हमले किए हैं.
US-Houthi Rebel Conflict : यमन की राजधानी सना में हूती विद्रोहियों को नियंत्रित करने के लिए अमेरिका ने हवाई हमले किए हैं. इन हमलों में सना के आसपास इलाकों को भी निशाना बनाया गया है. इसी बीच यमन की विद्रोही राजधानी के आसपास रात भर से चले हवाई हमले सोमवार की सुबह तक जारी रहे. इन हमलों के बाद ईरानी समर्थित हूतियों ने कहा कि कम से कम एक व्यक्ति की मौत हो गई है. फिलहाल के लिए संभावित हताहतों की संख्या अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाई है. बता दें कि 15 मार्च से जारी हमले के बीच रविवार की रात हुए हवाई सबसे खतरनाक थे.
बाइडेन से खतरनाक डोनाल्ड ट्रंप!
हमलों को लेकर विद्रोहियों ने कहा कि 2014 से हूतियों के कब्जे वाली यमन की राजधानी सना के आसपास हुए हमले में चार अन्य लोग भी घायल हो गए हैं. इसी बीच अल-मसीरा सैटेलाइट न्यूज ने बमों के धमाके के बाद घरों में बिखरे कांच के टुकड़ों की फुटेज प्रसारित की, लेकिन हमलों के लक्ष्यों को नहीं दिखाया. वहीं, एसोसिएटेड प्रेस की रिपोर्ट में पाया गया है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तरफ से चलाया गया हूतियों के खिलाफ अभियान पूर्व राष्ट्रपति बाइडेन से भी ज्यादा खतरनाक है क्योंकि अमेरिका अब लॉन्च साइटों को निशाना बनाने से लेकर रैंकिंग कर्मियों पर गोली और बमबारी कर रहा है.
100 से ज्यादा जहाजों पर किया हमला
अमेरिकी की तरफ से किए जा रहे हवाई हमलों को लेकर हूतियों का कहना है कि इसमें अभी तक करीब 59 लोगों की मौत हो गई है. विद्रोहियों द्वारा गाजा पट्टी में सहायता पहुंचाने से रोकने पर फिर से इजराइली जहाजों को निशाना बनाने की धमकी दिए जाने के बाद शुरू हुआ है. पहले भी विद्रोहियों ने कहा था कि अगर गाजा में राहत सामग्री को पहुंचाने में इजराइल ने दीवार बनने की कोशिश की तो वह उसके समुद्री जहाजों पर हमला करेगा. वहीं, हूतियों ने मिसाइलों और ड्रोन से 100 से ज्यादा व्यापारिक जहाजों पर हमला किया है और नवंबर, 2023 से लेकर इस साल जनवरी तक दो जहाज डूब गए हैं और चार नाविक मारे गए हैं.
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