सूबे की कमान संभालने के बाद आठ वर्षों के कार्यकाल में मुख्यमंत्री योगी ने अपने महत्वपूर्ण फैसलों से प्रदेश के सभी हिस्सों को विकास की मुख्य धारा से जोड़ा.
Jhansi: सूबे की कमान संभालने के बाद आठ वर्षों के कार्यकाल में मुख्यमंत्री योगी ने अपने महत्वपूर्ण फैसलों से प्रदेश के सभी हिस्सों को विकास की मुख्य धारा से जोड़ा. योगी सरकार ने उपेक्षित बुंदेलखंड को विकास की रेस में शामिल किया. जिससे इस क्षेत्र की तस्वीर ही बदल गई.
बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे ने खोला विकास का रास्ता
योगी सरकार ने बुंदेलखंड क्षेत्र को एक्सप्रेस-वे से जोड़ने का काम किया. यहां 296 किमी लम्बे बुंदेलखंड एक्सप्रेस वे का लोकार्पण वर्ष 2022 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था. बुंदेलखंड का यह पहला एक्सप्रेस वे चित्रकूट से शुरू होकर बांदा, महोबा, हमीरपुर, जालौन, औरैया होते हुए इटावा में आगरा एक्सप्रेस वे पर समाप्त होता है. बुंदेलखंड क्षेत्र को देश की राजधानी से जोड़ने और इस क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से इसे तैयार किया गया है.

औरैया जिले में भी बसेगा औद्योगिक शहर
बुंदेलखंड एक्सप्रेस वे पर सरकार औद्योगिक गलियारे के निर्माण के लिए जमीन अधिग्रहण का काम कर रही है. बुन्देलखण्ड के चित्रकूट, बांदा, हमीरपुर, महोबा और जालौन जिलों में कॉरिडोर के अंतर्गत औद्योगिक शहर तैयार किया जाएगा. बुन्देलखण्ड के पांच जिलों के अलावा इस एक्सप्रेस वे पर स्थित औरैया जिले में भी औद्योगिक शहर बसाया जाएगा. छह जिलों की 1911 हेक्टेयर जमीन पर कॉरिडोर का निर्माण होगा. सभी जिलों में जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही है.
सिंगापुर की कंपनी ने किया बुंदेलखंड का मास्टर प्लान तैयार
बुंदेलखंड क्षेत्र में औद्योगिक विकास को गति देने और क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से सरकार ने नोएडा की तर्ज पर एक नया औद्योगिक शहर झांसी में स्थापित करने का निर्णय लिया है, जिसे बुंदेलखंड औद्योगिक विकास प्राधिकरण का नाम दिया गया. इस परियोजना के तहत 56662 एकड़ भूमि का अधिग्रहण किया जाना है, जिसमें अब तक लगभग 17,000 एकड़ भूमि किसानों से क्रय कर ली गई है. किसानों को इसके बदले 2500.00 करोड़ का भुगतान भी किया जा चुका है. सिंगापुर की प्रसिद्ध मास्टर प्लानिंग कंपनी द्वारा बुंदेलखंड विकास प्राधिकरण के लिए मास्टर प्लान को अंतिम रूप दे दिया गया है.
ललितपुर में बल्क ड्रग पार्क के लिए भूमि यूपीडा को हस्तांतरित
योगी सरकार ललितपुर जिले में बल्क ड्रग पार्क का निर्माण करा रही है. ललितपुर में बल्क ड्रग फार्मा पार्क के निर्माण के लिए अधिग्रहित भूमि को राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण को हस्तांतरित किया गया है. जनपद ललितपुर में फार्मा पार्क स्थापित करने के लिए राजकीय पशुधन एवं कृषि प्रक्षेत्र सैदपुर-ललितपुर पर पशुपालन विभाग के स्वामित्व वाली भूमि में से 1472.33 एकड़ भूमि को राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण हस्तांतरित किया गया है। चयनित जमीन पर बाउंड्रीवाल बनाने सहित अन्य प्रक्रिया पूरी की जा रही है. यहां पानी के लिए सिंचाई विभाग से समझौता हुआ है.
बरुआसागर किले के विकास के लिए कंपनी का चयन
बुंदेलखंड के ऐतिहासिक स्थलों पर सुविधाओं का विकास कर उन्हें पर्यटन केंद्रों के रूप में विकसित किया जा रहा है. एडॉप्ट ए हेरिटेज स्कीम के अंतर्गत झांसी के बरुआसागर किले को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने के लिए प्रतिष्ठित होटल कंपनियों के बीच से विकासकर्ता कम्पनी के रूप में नीम राणा का चयन किया गया है.
इस किले को अत्याधुनिक होटल के रूप में विकसित करने पर सौ करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए जाएंगे. विकासकर्ता कम्पनी आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों का विकास करने के साथ ही स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर भी उपलब्ध कराएगी. इसके अलावा बुन्देलखण्ड के कई किलों को विकास के लिए चयनित किया गया है.
चित्रकूट में हवाई सेवा की शुरुआत
योगी सरकार की कोशिशों से चित्रकूट जिले में देवांगना एयरपोर्ट से हवाई सेवा की शुरुआत हुई. चित्रकूट आने वाले श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों को इस सुविधा के शुरू हो जाने से काफी सहूलियत मिली है. बुंदेलखंड में धार्मिक पर्यटन की बदलती तस्वीर की झलक भी इससे दिखाई दे रही है. यहां से कई प्रमुख शहरों के लिए हवाई सेवा की शुरुआत हुई है.
स्वास्थ्य, पेयजल और मूलभूत सुविधाओं पर खास ध्यान
बुंदेलखंड में जल जीवन मिशन के तहत घर-घर नल से जल पहुंचाने की योजना ने लोगों को संकट से निजात दिलाया है. सम्मान निधि और नहरों के विस्तार से किसानों को राहत मिली है. एग्रो बिजनेस के लिए इस क्षेत्र में प्रोसेसिंग यूनिट को बढ़ावा देने के साथ ही कई तरह के नए प्रयोग किए जा रहे हैं. आयुष्मान भारत योजना, मुफ्त डायलिसिस, आयुष्मान आरोग्य मंदिर, मुफ्त सीटी स्कैन जैसी योजनाओं ने स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर करने के साथ ही लोगों के स्वास्थ्य पर जेब से होने वाले खर्च में कमी की है.
डिफेंस कॉरिडोर झांसी नोड में बीडीएल यूनिट का निर्माण चालू
झांसी और चित्रकूट जिलों में डिफेन्स कॉरिडोर को विकसित करने के अंतर्गत जमीन अधिग्रहण का काम पूरा होने के बाद अब यूनिट की स्थापना का काम भी जोर पकड़ रहा है. झांसी नोड में बीडीएल ने वर्ष 2023 में यूनिट की स्थापना का काम शुरू कर दिया था और इस पर तेज गति से काम चल रहा है. डिफेन्स कॉरिडोर क्षेत्र में मूलभूत सुविधाओं के विकास पर तेज गति से काम चल रहा है. सड़क, बिजली और पानी की उपलब्धता के लिए सम्बंधित विभागों की मदद से व्यवस्थाएं पूरी की जा रही हैं.
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- लखनऊ से धीरज त्रिपाठी की रिपोर्ट