Nitish Kumar Iftar Party : पटना में नीतीश कुमार की तरफ से आयोजित की गई इफ्तार पार्टी से मुस्लिम संगठनों ने दूरी बनाने का एलान किया है. उन्होंने कहा कि हमारे धार्मिक संगठन इसमें शामिल नहीं होंगे.
Nitish Kumar Iftar Party : चुनावी साल में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Chief Minister Nitish Kumar) को मुस्लिम संगठनों ने बड़ा झटका दिया है. पटना में नीतीश कुमार की तरफ से आयोजित की गई इफ्तार पार्टी से मुस्लिम संगठनों ने दूरी बनाने का एलान किया है. मुस्लिम संगठन ने यह फैसला इसलिए लिया है क्योंकि नीतीश कुमार की नेतृत्व JDU ने वक्फ विधेयक का समर्थन किया है. इमारत शरिया का कहना है कि नीतीश कुमार की तरफ से दी गई इफ्तार पार्टी में हमारे धार्मिक संगठन किसी भी कीमत पर शामिल नहीं होंगे.
कई राज्यों में शरिया के अनुयायी
वहीं, इमारत शरिया दावा करती है कि उसके अनुयायी बिहार, झारखंड और ओडिशा में है. इसी बीच इमारत ने मुख्यमंत्री की तरफ न्योता मिलने के बाद एक पत्र साझा किया. पत्र में लिखा कि 23 मार्च को सरकारी इफ्तार में शामिल नहीं होने का निर्णय लिया गया है और यह फैसला वक्फ विधेयक के प्रति आपके समर्थन को देखते हुए लिया गया है. साथ ही इसके माध्यम से मुसलमानों का आर्थिक और शैक्षणिक पिछड़ापन और बढ़ने का खतरा मंडराने लगा है. वहीं, इमारत शरिया ने आरोप लगाया कि आप धर्मनिरपेक्ष शासन का वादा करके सत्ता में आए है जिसमें अल्पसंख्यकों के अधिकारों की रक्षा की जाएगी.
बिल का समर्थन असंवैधानिक और अतार्किक
शरिया ने नीतीश कुमार पर आरोप लगाया कि आपका BJP से गठबंधन है और JDU एक ऐसे कानून का समर्थन कर रही है जो असंवैधानिक और अतार्किक है. साथ ही यह सीएम नीतीश कुमार की तरफ से घोषित प्रतिबद्धाताओं के खिलाफ है. मुख्यमंत्री की तरफ से आयोजित इफ्तार को प्रतीकात्मक हुए कहा कि मुसलमानों की चिंताओं के प्रति आपकी सरकार की उदासीनता ऐसे औपचारिक समारोहों को निरर्थक बना देती है. फिलहाल JDU की तरफ से इस मामले में कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, जो हमेशा मुस्लिम वोटों के एक हिस्से पर निर्भर रही है.
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